सूरज ते चन भी न चड़न

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

सूरज ते चन भी न चड़न आदेश तो बिना,

कोई भी न कम सफल श्री गणेश तो बिना,

सीधी न मिल सके ओहदे उपदेश तो बिना,

सूरज ते चन भी न चड़न आदेश तो बिना,

जिथे नहीं गणेश जी ऐसी न कोई था,

तेति करोड़ देवते जपदे ने ताहि नाम,

पत्थर है तरदे ज्ञान दे प्रवेश तो बिना,

कोई भी न कम सफल श्री गणेश तो बिना,

आ मंगला भूल बक्शा लिये गोरा दे लाल तो,

मन चाहा वर नु पा लिये उस दीं दयाल तो,

मंजिल न मिल सके ओहदे उपदेश तो बिना,

कोई भी न कम सफल श्री गणेश तो बिना,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।