करदो न इक बार ऐसी किरपा सरकार

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

करदो न इक बार ऐसी किरपा सरकार,

सब छोड़ के जीवन में श्याम बस तेरा सुमिरन हो,

दरबार में सांवरियां बन के बैठु चाकरियाँ,

हो जाए किरपा तेरी गुजरे यु सारी उमरियाँ,

तेरा दर्शन तेरा बंधन हो जीवन का इक सार,

करदो न इक बार ऐसी किरपा सरकार,

सब छोड़ के जीवन में श्याम बस तेरा सुमिरन हो,

हो सांझ सवेरे कीर्तन दीनो के नाथ तुम्हारा,

नहीं रहे खबर दुनिया की ऐसा हो प्रेम हमारा,

जैसी राधा नरसी मीरा ने किया था तुमसे प्यार,

करदो न इक बार ऐसी किरपा सरकार,

सब छोड़ के जीवन में श्याम बस तेरा सुमिरन हो,

महसूस करू मैं मोहन एहसास तेरे होने का,

प्रिये प्राण से प्रिये प्रीतम नहीं जग के दर खोने का,

राजू तो बस इतना चाहे रहे संग सदा करतार,

करदो न इक बार ऐसी किरपा सरकार,

सब छोड़ के जीवन में श्याम बस तेरा सुमिरन हो,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।