खाटू वाले के तो मेरा प्यार पुराना से

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मने आज कोई न रोको जावन देयो मत न टोको श्याम से मिलने जाना से,

अरे खाटू वाले के तो मेरा प्यार पुराना से,

गोरी कटे नहीं तने रोकू जावन पे को न टोकु,

साथ तेरे मैं भी जाओ रे,

श्याम के दर्शन करके सोया भाग जगाउ रे,

मने सुना से श्याम कुंड की जग में महिमा न्यारे,

जो भी इस में नहा लेता तो तन की कटे बिमारी,

मने बिकुल न शर्माना चाहे बेशक देयो उल्हाना,

गोते ला ला नहाना से,

अरे खाटू वाले के तो मेरा प्यार पुराना से,

श्याम से बढ़ कर इस दुनिया में देव नहीं कोई दूजा,

इसी लिए तो कलयुग में घर घर होती पूजा,

बाबा के करके दर्शन महारा मन भी हो गा परशन फुला नहीं समाउ रे,

श्याम के दर्शन करके सोया भाग जगाउ रे......

मेरे मन में उठे हिलोर श्याम की मस्ती बढ़ती जावे,

श्याम दर्श की भूखी प्यासी ानं पानी न भावे,

मेरा छुटियाँ पीना खाना मैंने श्याम के रंग रंग जाना गुण बाबा का गाना से,

अरे खाटू वाले के तो मेरा प्यार पुराना से,

भीम संग मिल के गोरी दोनों खाटू जावा,

सांवरिया के भजन सुना के मिल के धूम मचावा

बाबा सुध लेगा हमारी फिर मिट जाये चिंता सारी,

श्याम ते इतहास बतलाऊ रे,

श्याम के दर्शन करके सोया भाग जगाउ रे......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।